आखरी मुलाकात
मिलते कभी हम जो बारिश में, तो मौसम सवर जाते ।
मुस्कुरा कर देख लेते तुम , तो हम भी निखर जाते।
शायद किस्मत में ही नहीं थी वो आखरी मुलाकात,
हम तो टूटे थे ही , तुम भी बिखर जाते।
Hope you will like it.
मिलते कभी हम जो बारिश में, तो मौसम सवर जाते ।
मुस्कुरा कर देख लेते तुम , तो हम भी निखर जाते।
शायद किस्मत में ही नहीं थी वो आखरी मुलाकात,
हम तो टूटे थे ही , तुम भी बिखर जाते।
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